JPSC-JSSC विवाद: 9वें दिन भी नहीं थमा छात्रों का आंदोलन, 6 अगस्त को विधानसभा घेराव की तैयारी

झारखंड में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित पेपर लीक और भर्ती अनियमितताओं को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। राजधानी रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में हजारों अभ्यर्थी पिछले 9 दिनों से अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। आंदोलन की शुरुआत 25 जुलाई को हुई थी, जो अब राज्यव्यापी छात्र आंदोलन का रूप ले चुकी है। छात्र चेतावनी दे चुके हैं कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
25 जुलाई से शुरू हुआ आंदोलन, अब पूरे राज्य के छात्र जुटे
यह आंदोलन 25 जुलाई को रांची के बापू वाटिका से शुरू हुआ था। शुरुआत में कुछ अभ्यर्थियों का विरोध प्रदर्शन था, लेकिन 29 जुलाई को आयोजित “महा आंदोलन” और संविधान मार्च के बाद इसमें हजारों छात्र शामिल हो गए। हजारीबाग, रामगढ़, बोकारो, धनबाद समेत कई जिलों से अभ्यर्थी रांची पहुंचे हैं।
प्रदर्शनकारी छात्रों का आरोप है कि राज्य की भर्ती परीक्षाओं में लगातार पेपर लीक, गड़बड़ी और भ्रष्टाचार सामने आ रहे हैं, जिससे मेहनत करने वाले युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है।
छात्रों की प्रमुख मांगें
आंदोलनकारी अभ्यर्थियों ने सरकार के सामने कई मांगें रखी हैं।
- 14वीं JPSC प्रारंभिक परीक्षा रद्द कर दोबारा कराई जाए।
- JSSC CGL समेत अन्य भर्ती परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच हो।
- पूरे मामले की CBI से जांच कराई जाए।
- भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता लाई जाए।
- हर वर्ष निश्चित परीक्षा कैलेंडर जारी किया जाए।
- कुछ छात्र मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के इस्तीफे की भी मांग कर रहे हैं।
11 गिरफ्तारियां, पूर्व JPSC अध्यक्ष ने दिया इस्तीफा
पेपर लीक मामले में अब तक 11 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें अधिकारी, अभ्यर्थी और परीक्षा एजेंसी से जुड़े लोग शामिल बताए जा रहे हैं।
विवाद के बीच JPSC के तत्कालीन अध्यक्ष लालबियाकतलुआंगा खियांगते ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। वहीं, आयोग ने मुख्य परीक्षा (Mains) को भी पहले स्थगित कर दिया था।
CBI जांच की मांग तेज
छात्रों का कहना है कि राज्य सरकार द्वारा CID जांच पर्याप्त नहीं है और पूरे मामले की जांच केंद्रीय एजेंसी CBI से कराई जानी चाहिए। उनका आरोप है कि भर्ती प्रक्रिया में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार हुआ है, जिसकी निष्पक्ष जांच केवल CBI ही कर सकती है।
भाजपा ने भी दिया छात्रों को समर्थन
भारतीय जनता पार्टी ने आंदोलनरत छात्रों का समर्थन किया है। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता तुहिन सिन्हा ने प्रेस वार्ता में कहा कि गरीब परिवारों के बच्चे जमीन और जेवर बेचकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। ऐसे में पेपर लीक जैसी घटनाएं उनके भविष्य के साथ अन्याय हैं।
6 अगस्त को विधानसभा घेराव की तैयारी
आंदोलनकारी छात्रों ने 6 अगस्त को झारखंड विधानसभा घेराव का ऐलान किया है। हालांकि कुछ रिपोर्टों में आंदोलन के भीतर दो गुट बनने की बात भी सामने आई है, लेकिन प्रदर्शन जारी है।
धरने पर बैठे कई छात्र दिन में प्रदर्शन और रात में पढ़ाई भी कर रहे हैं ताकि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी प्रभावित न हो।
आगे क्या?
फिलहाल सरकार की ओर से छात्रों की सभी मांगों पर अंतिम निर्णय नहीं आया है। ऐसे में आंदोलन और तेज होने की संभावना जताई जा रही है। यदि 6 अगस्त का विधानसभा घेराव होता है, तो राज्य की राजनीति और भर्ती प्रक्रिया को लेकर विवाद और गहरा सकता है।
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