About me

News Box Bharat
Welcome to News Box Bharat, your one-stop destination for comprehensive news coverage and insightful analysis. With a commitment to delivering reliable information and promoting responsible journalism, we strive to keep you informed about the latest happenings from across the nation and the world. In this rapidly evolving era, staying updated and making sense of the news is crucial, and we are here to simplify the process for you.

Recent Posts

+91 6205-216-893 info@newsboxbharat.com
Tuesday, May 21, 2024
Politics

राष्ट्रपति से संसद भवन का उद्घाटन न करवाना यह देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद का अपमान है: आलमगीर

झारखंड प्रदेश कांग्रेस ने संसद भवन के उद्घाटन समारोह में द्रौपदी मूर्मू को आमंत्रित नहीं किए जाने के विरोध में धरना दिया

Share the post


रांची। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से बिरसा चौक पर नव निर्मित संसद भवन के उद्घाटन समारोह में राष्ट्रपती महोदया को आमंत्रित नहीं किए जाने के विरोध में धरना दिया। धरने का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर  ने किया। झारखंड कांग्रेस नेता विधायकदल सह ग्रामीण एवं संसदीय कार्य मंत्री आलमगीर आलम भी मुख्य रूप से उपस्थित रहे। उनके साथ कार्यकारी अध्यक्ष शहजादा अनवर, पूर्व विधायक ममता देवी उपस्थित हुईं l धरना को संबोधित करते हुए नेता विधायकदल सह ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम ने कहा कि देश संविधान प्रदत्त अधिकारों से वंचित रखने का काम हो रहा है। राष्ट्रपति से संसद का उद्घाटन न करवाना और न ही उन्हें समारोह में बुलाना यह देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद का अपमान है। संसद अहंकार की ईंटों से नहीं, संवैधानिक मूल्यों से बनती है। उन्होंने कहा यह देश संविधान से ही चलना चाहिए एकतंत्र से नहीं। देश के 140 करोड़ भारतीय यह जनाना चाहते हैं कि महामहिम राष्ट्रपती से उनका हक छीनकर आप क्या जताना चाहते हैं l

आरएसएस देश की छवि को खराब करने में लगा है
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने कहा कि देश की संसद लोकतंत्र का मंदिर है और महामहिम राष्ट्रपती संसद का प्रथम अंग हैं। नए संसद भवन के शिलान्यास समारोह में, तत्कालीन माननीय राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविंद को समारोह से दूर रखा गया था। अब इसके उद्घाटन पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को दरकिनार कर दिया गया। यह आरएसएस की दलित आदिवासी विरोधी मानसिकता है, जिसके कारण उन्हें उस सम्मान से वंचित रखा जाता है, जो उनके उच्च संवैधानिक पद के हकदार हैं।
उनका जानबूझकर दरकिनार किया जाना यह दिखाता है कि भारतीय जनता पार्टी एवं प्रधानमंत्री मोदी उन्हें अपनी चुनावी राजनीति के प्रतीक के रूप में इस्तेमाल करेंगे। लेकिन उन्हें ऐसे महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक अवसरों का हिस्सा नहीं बनने देंगे। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा की विडंबना देखिये एक आत्ममुग्ध तानाशाह प्रधानमंत्री जिन्हें संसदीय प्रक्रियाओं लोकतांत्रिक मूल्यों स्थापित परंपराओं से नफरत है वो अपने सनक और सत्ता के अहंकार से देश को संचालित करने की इच्छा के तहत सब कुछ बर्बाद करने पर तुले हुए हैं। उद्घाटन समारोह उद्घाटन की बात छोड़ दीजिए बतौर अतिथि भी राष्ट्रपती महोदया आमंत्रित नहीं किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है इसकी जितनी निंदा की जाए कम  है l

देश का आदिवासी एवं  दलित समाज मर्माहत है

धरना को संबोधित करते हुए आदिवासी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जोसाय मारडी ने कहा की पूरा देश का आदिवासी एवं  दलित समाज मर्माहत है। भाजपा एवं प्रधानमंत्री मोदी ने देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर बैठी प्रथम आदिवासी महिला श्रीमती द्रौपदी मुर्मू का अपमान किया है। संविधान के अनुच्छेद 79 के प्रावधानों को अनदेखा किया है। हम आदिवासी कांग्रेस के लोग झारखंड के एक आदिवासी गांव एक- एक पंचायतों में जाएंगे। लोगों बताने का काम करेंगे की भाजपा आदिवासी समाज को सिर्फ चुनावी फायदे के समय याद रखती है। वहीं, समय आने पर अधिकारों से वंचित करती है l
कई गणमान्य लोग शामिल हुए
धरना कार्यक्रम को कार्यकारी अध्यक्ष  शहजादा अनवर, पूर्व विधायिका ममता देवी, मोर्चा संगठन विभाग प्रभारी रविंद्र सिंह, प्रदेश प्रदेश अनुशासन समिति सदस्य शमशेर आलम, महासचिव विनय सिन्हा दीपू, अमुल्य नीरज खलखो, राकेश सिन्हा, राजीव रंजन प्रसाद,  डॉ एम तौसिफ , कमल ठाकुर,  अमरेंद्र सिंह, गजेंद्र सिंह, रमा खलखो, अभिलाष साहू, केदार पासवान, चैतू उरांव, रवि मिश्रा ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम  का संचालन रांची जिला अध्यक्ष डॉ राकेश किरण महतो ने तथा धन्यवाद ज्ञापन रांची महानगर अध्यक्ष डॉ कुमार  राजा ने किया l धरना कार्यक्रम के पूर्व भगवान बिरसा मुंडा के प्रतिमा पर प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर  नेता विधायक दल आलमगीर आलम सहित सभी कॉंग्रेस जनों ने माल्यार्पण किया l

Leave a Response