देशभर में मानसून का कहर: छत्तीसगढ़ में टूटा बारिश का रिकॉर्ड। UP के सभी 75 जिलों में अलर्ट

देशभर में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। कई राज्यों में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण बाढ़, जलभराव और भूस्खलन जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं। छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार और जम्मू-कश्मीर समेत कई राज्यों में मौसम विभाग ने भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है। प्रशासन लोगों से सतर्क रहने और नदी-नालों से दूर रहने की अपील कर रहा है।
छत्तीसगढ़ में 93 साल का रिकॉर्ड टूटा
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में शनिवार को करीब 16 इंच (406 मिमी) बारिश दर्ज की गई, जिसने वर्ष 1993 के पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। लगातार बारिश से शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव हो गया और बाढ़ जैसे हालात बन गए। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटों तक मध्य और उत्तर छत्तीसगढ़ में भारी से बहुत भारी बारिश जारी रह सकती है।
उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
उत्तर प्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय है। मौसम विभाग ने राज्य के सभी 75 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। लखनऊ, कानपुर, बाराबंकी, वाराणसी, झांसी समेत कई शहरों में लगातार बारिश हो रही है।
वाराणसी में गंगा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने के कारण दशाश्वमेध घाट की कई सीढ़ियां पानी में डूब गई हैं। इसके चलते गंगा आरती का स्थान भी अस्थायी रूप से बदला गया है। वहीं प्रयागराज में संगम क्षेत्र के आसपास लोगों को नदी से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है।
अरुणाचल प्रदेश में बाढ़ और भूस्खलन
अरुणाचल प्रदेश में लगातार बारिश से हालात गंभीर बने हुए हैं। अपर सुबनसिरी समेत कई जिलों में फ्लैश फ्लड और भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। कई सड़कें बंद हो गई हैं, पुल क्षतिग्रस्त हुए हैं और अनेक गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से कट गया है। राहत एवं बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार काम कर रहे हैं।
मध्य प्रदेश, बिहार और जम्मू-कश्मीर में भी असर
मध्य प्रदेश के डिंडौरी और उमरिया सहित कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। बिहार के कुछ जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं जम्मू-कश्मीर में चिनाब नदी का जलस्तर बढ़ने के बाद एहतियातन सलाल बांध के गेट खोले गए हैं। राजस्थान के कुछ हिस्सों में भी बारिश की संभावना जताई गई है।
IMD का ताजा अपडेट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने लो प्रेशर एरिया के कारण देश के कई हिस्सों में नमी बढ़ी है। इसके प्रभाव से अगले कुछ दिनों तक उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत के कई राज्यों में भारी बारिश जारी रहने की संभावना है।
लोगों के लिए जरूरी सलाह
- बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा से बचें।
- नदी, नाले और जलभराव वाले इलाकों से दूरी बनाए रखें।
- मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी चेतावनियों का पालन करें।
- किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन द्वारा जारी हेल्पलाइन का उपयोग करें।
देशभर में सक्रिय मानसून ने कई राज्यों में जनजीवन प्रभावित कर दिया है। लगातार हो रही बारिश के कारण बाढ़ और भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। ऐसे में नागरिकों को सतर्क रहने और केवल आधिकारिक मौसम अपडेट पर भरोसा करने की सलाह दी गई है।
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