LPG यूजर्स के लिए बड़ा अपडेट: PNG कनेक्शन लगते ही 30 दिन में सरेंडर करना होगा गैस कनेक्शन, जानें नया नियम

22 जून 2026: केंद्र सरकार ने घरेलू गैस उपभोक्ताओं के लिए एक महत्वपूर्ण नियम लागू किया है। नए प्रावधान के अनुसार, जिन घरों में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन उपलब्ध हो जाता है, उन्हें 30 दिनों के भीतर अपना LPG कनेक्शन सरेंडर करना होगा। यह नियम इंडेन, भारतगैस और एचपी गैस के सभी घरेलू उपभोक्ताओं पर लागू होगा।
सरकार ने यह बदलाव Liquefied Petroleum Gas (Regulation of Supply and Distribution) Amendment Order, 2026 के तहत लागू किया है। इसका उद्देश्य गैस सब्सिडी के दुरुपयोग को रोकना और जरूरतमंद परिवारों तक LPG सिलेंडर की बेहतर उपलब्धता सुनिश्चित करना है।
क्या है नया 30 दिन वाला नियम?
नए नियम के अनुसार यदि किसी उपभोक्ता के घर में PNG कनेक्शन सक्रिय हो जाता है, तो उसे 30 दिनों के भीतर अपना LPG कनेक्शन सरेंडर करना होगा। निर्धारित अवधि के बाद उपभोक्ता LPG सिलेंडर की बुकिंग या रिफिल नहीं करा पाएंगे।
यह नियम देश की तीन प्रमुख गैस कंपनियों – इंडेन, भारतगैस और एचपी गैस – के सभी घरेलू कनेक्शनों पर लागू होगा।
सरकार ने क्यों लिया यह फैसला?
सरकार का मानना है कि कई शहरी क्षेत्रों में लोग PNG और LPG दोनों कनेक्शन का उपयोग कर रहे हैं। इससे LPG वितरण प्रणाली पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। नए नियम के जरिए सरकार “एक घर, एक गैस कनेक्शन” की व्यवस्था को मजबूत करना चाहती है।
इस कदम से LPG सिलेंडर उन क्षेत्रों तक आसानी से पहुंच सकेंगे जहां अभी PNG की सुविधा उपलब्ध नहीं है। साथ ही स्वच्छ ईंधन के रूप में PNG के उपयोग को भी बढ़ावा मिलेगा।
LPG सरेंडर करने पर मिलेगी राहत
सरकार ने उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए ट्रांसफर वाउचर की सुविधा भी शुरू की है। यदि कोई व्यक्ति भविष्य में ऐसे क्षेत्र में शिफ्ट होता है जहां PNG उपलब्ध नहीं है, तो वह इस वाउचर की मदद से अपना LPG कनेक्शन दोबारा सक्रिय करा सकेगा।
2026 में लागू हुए अन्य महत्वपूर्ण बदलाव
OTP के बाद ही मिलेगी गैस डिलीवरी
अब घरेलू LPG सिलेंडर की डिलीवरी के समय उपभोक्ता के रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर OTP भेजा जाएगा। OTP बताने के बाद ही डिलीवरी पूरी मानी जाएगी। इसका उद्देश्य फर्जी डिलीवरी और ब्लैक मार्केटिंग पर रोक लगाना है।
उज्ज्वला योजना लाभार्थियों के लिए eKYC जरूरी
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर eKYC प्रक्रिया पूरी करनी होगी। ऐसा नहीं करने पर सब्सिडी से संबंधित सुविधाएं प्रभावित हो सकती हैं।
रिफिल बुकिंग के नियम में बदलाव
गैस सिलेंडर की बार-बार बुकिंग रोकने के लिए रिफिल बुकिंग के बीच न्यूनतम अंतराल भी बढ़ाया गया है। इससे वितरण व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
LPG कनेक्शन कैसे करें सरेंडर?
उपभोक्ता अपनी गैस कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट या मोबाइल ऐप के जरिए ऑनलाइन सरेंडर प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। इसके लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और आवश्यक विवरण दर्ज कर अनुरोध भेजना होगा। इसके बाद गैस एजेंसी का प्रतिनिधि सिलेंडर और रेगुलेटर वापस लेने की प्रक्रिया पूरी करेगा।
किन लोगों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर?
यह नया नियम मुख्य रूप से उन शहरी परिवारों को प्रभावित करेगा जिनके घरों में पहले से PNG उपलब्ध है या जिन्होंने हाल ही में PNG कनेक्शन लिया है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में जहां अभी PNG नेटवर्क नहीं पहुंचा है, वहां LPG सिलेंडर की व्यवस्था पहले की तरह जारी रहेगी। केंद्र सरकार का यह कदम LPG वितरण व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने और स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जिन उपभोक्ताओं के घर में PNG कनेक्शन उपलब्ध है, उन्हें समय रहते LPG कनेक्शन से जुड़े नए नियमों की जानकारी लेकर आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए।
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