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Friday, March 20, 2026
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Qatar LNG Crisis: ईरानी हमले के बाद $20 अरब का नुकसान | सप्लाई पर संकट

ईरान के हमलों के बाद कतर के LNG गैस प्लांट को हुए नुकसान और वैश्विक ऊर्जा संकट को दर्शाता दृश्य
ईरान के हमले से कतर की गैस सप्लाई पर बड़ा असर
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डेस्क। खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच ईरान के हमलों ने कतर की ऊर्जा व्यवस्था को बड़ा झटका दिया है। कतर की सरकारी ऊर्जा कंपनी QatarEnergy के CEO Saad al-Kaabi के अनुसार, हालिया हमलों में देश की लिक्विफाइड नेचुरल गैस (LNG) निर्यात क्षमता का करीब 17 प्रतिशत हिस्सा प्रभावित हुआ है, जिससे सालाना लगभग 20 अरब डॉलर का नुकसान होने का अनुमान है। अल जजीरा के अनुसार अल-काबी ने बताया कि कतर के 14 LNG ट्रेनों (गैस को तरल बनाने वाली इकाइयों) में से दो को गंभीर नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा एक गैस-टू-लिक्विड (GTL) प्लांट भी प्रभावित हुआ है। इस नुकसान के चलते हर साल लगभग 12.8 मिलियन टन LNG उत्पादन अगले 3 से 5 वर्षों तक बाधित रहेगा।

रमजान में भाई देश से हमले की उम्मीद नहीं थी

अल-काबी ने कहा कि उन्हें कभी उम्मीद नहीं थी कि रमजान के महीने में एक “मुस्लिम भाई देश” इस तरह हमला करेगा। उन्होंने इसे क्षेत्र के लिए बेहद चिंताजनक बताया। बताया जा रहा है कि ईरान ने यह हमले तब किए जब इजरायली सेना ने उसके South Pars gas field पर बमबारी की थी। इसके बाद ईरान ने पूरे खाड़ी क्षेत्र में तेल और गैस ठिकानों को निशाना बनाया। ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने चेतावनी दी कि अगर उनके देश के इंफ्रास्ट्रक्चर पर फिर हमला हुआ तो “बिल्कुल भी संयम नहीं बरता जाएगा”।

वैश्विक सप्लाई पर खतरा

तनाव के चलते Strait of Hormuz पर भी असर पड़ा है, जो दुनिया के करीब 20% तेल और LNG सप्लाई का मुख्य मार्ग है। इससे वैश्विक बाजार में पेट्रोल-डीजल की कीमतों और महंगाई को लेकर चिंता बढ़ गई है।

यूरोप और एशिया को सप्लाई प्रभावित

कतर एनर्जी ने संकेत दिया है कि उसे इटली, बेल्जियम, दक्षिण कोरिया और चीन को होने वाली LNG सप्लाई के लिए “फोर्स मेज्योर” (अप्रत्याशित स्थिति) घोषित करनी पड़ सकती है। रास लाफान स्थित प्रोडक्शन हब पर पहले भी हमले हो चुके हैं, जिसके बाद पूरी LNG सप्लाई पर असर पड़ा है।

क्षेत्रीय विकास को 10–20 साल पीछे धकेला

अल-काबी के मुताबिक, इन हमलों से खाड़ी क्षेत्र का ऊर्जा विकास 10 से 20 साल पीछे चला गया है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि तेल और गैस इन्फ्रास्ट्रक्चर को किसी भी संघर्ष से दूर रखा जाए। कतर पर हुए इन हमलों ने न केवल खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ाया है, बल्कि वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और अर्थव्यवस्था पर भी गंभीर असर डालने की आशंका पैदा कर दी है। आने वाले दिनों में इस संकट का असर यूरोप और एशिया तक महसूस किया जा सकता है।

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