About me

News Box Bharat
Welcome to News Box Bharat, your one-stop destination for comprehensive news coverage and insightful analysis. With a commitment to delivering reliable information and promoting responsible journalism, we strive to keep you informed about the latest happenings from across the nation and the world. In this rapidly evolving era, staying updated and making sense of the news is crucial, and we are here to simplify the process for you.

Recent Posts

+91 6205-216-893 info@newsboxbharat.com
Monday, September 7, 2026
IndiaLatest Hindi NewsNewsSocialWeather Updates

प्रयागराज में फिर बढ़ सकती है गंगा-यमुना। चंबल-बेतवा के बढ़ते जलस्तर से बाढ़ का खतरा। वाराणसी में गाद ने बढ़ाई परेशानी

प्रयागराज में बढ़ते गंगा यमुना जलस्तर और वाराणसी के गंगा घाटों की स्थिति
चंबल-बेतवा के बढ़ते जलस्तर के बीच प्रयागराज में गंगा-यमुना का पानी फिर बढ़ने की आशंका जताई गई है।
Share the post

उत्तर प्रदेश में नदियों के बढ़ते जलस्तर ने एक बार फिर चिंता बढ़ा दी है। प्रयागराज में चंबल और बेतवा नदियों के बढ़ते पानी का असर यमुना पर पड़ने की आशंका है। इसके बाद गंगा का जलस्तर भी बढ़ सकता है। हालांकि फिलहाल प्रयागराज में गंगा और यमुना का पानी घट रहा है, लेकिन आने वाले दिनों में जलस्तर दोबारा बढ़ने की संभावना जताई गई है।

चंबल-बेतवा का पानी बढ़ा, यमुना पर असर

मध्य प्रदेश और बुंदेलखंड क्षेत्र में नदियों का जलस्तर बढ़ने का असर अब प्रयागराज तक पहुंचने की आशंका है। रिपोर्ट के मुताबिक आगरा के पिनाहट में चंबल और हमीरपुर में बेतवा का जलस्तर अनुमान से ज्यादा बढ़ा है।

माताटीला बैराज से छोड़ा गया करीब 3 लाख क्यूसेक पानी प्रयागराज की ओर बढ़ रहा है। इसके बाद धौलपुर से चंबल में छोड़ा गया करीब 2.5 लाख क्यूसेक पानी भी आगे आएगा। ऐसे में यमुना के जलस्तर में बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है।

गंगा में भी बढ़ सकता है पानी

यमुना के साथ गंगा के जलस्तर पर भी नजर रखी जा रही है। हरिद्वार, नरोरा और कानपुर बैराज से गंगा में डिस्चार्ज बढ़ाए जाने की जानकारी सामने आई है। ऐसे में पहले यमुना और उसके बाद गंगा के जलस्तर में वृद्धि हो सकती है।

फिलहाल प्रयागराज में जलस्तर घट रहा है। सोमवार सुबह फाफामऊ में गंगा का जलस्तर 82.01 मीटर, छतनाग में 81.30 मीटर और नैनी में यमुना का जलस्तर 81.76 मीटर दर्ज किया गया। पिछले 24 घंटे में इन स्थानों पर जलस्तर में कमी दर्ज की गई।

वाराणसी में गंगा की गाद बनी परेशानी

उधर वाराणसी में गंगा का पानी घटने के बाद घाटों और आसपास के इलाकों में जमा गाद और गंदगी लोगों के लिए नई परेशानी बन गई है। हालिया बाढ़ के बाद नदी का पानी उतरने पर कई जगहों पर मिट्टी और गाद जमा होने से सफाई की चुनौती बढ़ी है। वाराणसी में गंगा के बढ़ते जलस्तर के कारण पहले ही कई घाट प्रभावित हुए थे।

मारुति नगर और सामनेघाट जैसे निचले इलाकों में भी गंगा के बढ़ते पानी का असर देखा जाता रहा है। स्थानीय स्तर पर जलभराव और सफाई को लेकर लोगों की परेशानी सामने आती रही है।

पानी घटा, लेकिन खतरा पूरी तरह टला नहीं

प्रयागराज में फिलहाल गंगा-यमुना का जलस्तर नीचे आ रहा है, लेकिन ऊपर से आने वाले पानी के कारण प्रशासन को सतर्क रहना होगा। नदियों में लगातार हो रहे उतार-चढ़ाव के बीच निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की चिंता बनी हुई है।

प्रशासन की चुनौती सिर्फ बाढ़ के दौरान राहत पहुंचाने की नहीं, बल्कि पानी उतरने के बाद घाटों और प्रभावित बस्तियों में गाद, गंदगी और संक्रमण के खतरे से निपटने की भी है।

👉 यह भी पढ़ें:

Leave a Response