
JSSC परीक्षा घोटाला: परीक्षा पास कराने के नाम पर करोड़ों का खेल, रांची पुलिस की बड़ी कार्रवाई: अधनिर्मित भवन से 164 अभ्यर्थी और गैंग गिरफ्तार
डेस्क। रांची पुलिस ने एक बड़े पेपर लीक रैकेट का खुलासा करते हुए अंतरराज्यीय सॉल्वर गैंग के 5 सदस्यों समेत कुल 164 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई 11 अप्रैल 2026 की रात गुप्त सूचना के आधार पर की गई। उत्पाद सिपाही परीक्षा के प्रश्न पत्र लीक मामले में प्रशासन ने बड़ा खुलासा किया है। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग से जुड़ी इस परीक्षा में गड़बड़ी की आशंका के बीच रांची में संयुक्त प्रेस वार्ता की गई। इस प्रेस वार्ता में आईएएस प्रशांत कुमार, रांची उपायुक्त और रांची एसएसपी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने देर शाम रड़गांव इलाके में छापेमारी की। यहां एक अर्धनिर्मित मकान में अभ्यर्थियों को इकट्ठा कर परीक्षा से पहले प्रश्न पत्र रटवाने की तैयारी चल रही थी। कार्रवाई के दौरान मौके से कुल 164 अभ्यर्थियों को पकड़ा गया। साथ ही कई सेट प्रश्न पत्र उत्तर सहित बरामद किए गए।
क्या है पूरा मामला
पुलिस को सूचना मिली थी कि तमाड़ थाना क्षेत्र में एक अधनिर्मित भवन में 150 से अधिक अभ्यर्थी संदिग्ध गतिविधियों में जुटे हुए हैं। सूचना के बाद विशेष टीम गठित कर देर रात छापेमारी की गई। छापेमारी के दौरान देखा गया कि भवन के बाहर कई गाड़ियां खड़ी थीं और अंदर मौजूद लोग पुलिस को देखकर भागने लगे। कई अभ्यर्थी अपने मोबाइल, दस्तावेज और अन्य सामान छिपाने या फेंकने लगे। पुलिस ने सभी को नियंत्रित कर दो कमरों में रखा और तलाशी अभियान चलाया।
क्या मिला मौके से
प्राथमिक जांच में पता चला कि मौके पर कुल 164 लोग मौजूद थे, जिनमें:
- 5 अंतरराज्यीय सॉल्वर गैंग के सदस्य
- 159 अभ्यर्थी (जिसमें 7 महिला अभ्यर्थी शामिल)
मौके से प्रिंटर, प्रश्न-उत्तर सेट, फटे हुए एडमिट कार्ड, संदिग्ध मोबाइल फोन और बैंक चेक बरामद किए गए।
कैसे चलता था पूरा खेल
जांच में सामने आया कि गैंग के एजेंट अभ्यर्थियों से 10 से 15 लाख रुपये तक लेकर परीक्षा पास कराने का दावा करते थे। इसके बदले उन्हें पहले से प्रश्न और उनके उत्तर याद कराए जाते थे। अभ्यर्थियों को पुलिस से बचाने के लिए उनके मोबाइल, एडमिट कार्ड और अन्य दस्तावेज गैंग के पास रखवा लिए जाते थे। कुछ अभ्यर्थियों से बैंक चेक भी लिए गए थे।
पुलिस की कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए जेएसएससी (JSSC) के साथ समन्वय स्थापित किया गया है। तमाड़ थाना में कांड संख्या 21/26 के तहत मामला दर्ज कर सभी 164 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य संदिग्धों की तलाश में लगातार छापेमारी जारी है। घटनास्थल से 8 वाहनों को भी जब्त किया गया है।
गैंग सरगना का आपराधिक इतिहास
गिरफ्तार गैंग का सरगना अतुल वत्स (बिहार निवासी) पहले भी कई परीक्षा घोटालों में शामिल रहा है, जैसे:
- राजस्थान क्लर्क भर्ती परीक्षा 2017
- NEET पेपर लीक 2024
- बिहार कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर भर्ती 2024
- उत्तर प्रदेश समीक्षा अधिकारी परीक्षा 2024
- यूपी सिपाही भर्ती परीक्षा 2024
अन्य आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी खंगाला जा रहा है।





