
रांची। 23 फरवरी 2026 को राज्य के 48 शहरी निकायों में वार्ड पार्षद, मेयर और अध्यक्ष पद के लिए मतदान होना है। मतदान से एक दिन पहले, यानी 22 फरवरी को, लाभुकों के खातों में मंईयां सम्मान योजना की 19वीं किस्त की राशि भेजी गई। झारखंड भाजपा के अध्यक्ष आदित्य साहू ने इसे आचार संहिता का उल्लंघन बताया है। उन्होंने कहा कि चुनाव से ठीक पहले पैसा भेजना मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश है। उन्होंने राज्य निर्वाचन आयोग से इस मामले में कार्रवाई की मांग की है। आदित्य साहू ने आरोप लगाया कि यह कदम वोटरों को लुभाने के लिए उठाया गया है। उनका कहना है कि भाजपा पहले ही आशंका जता चुकी थी कि सत्ताधारी दल चुनाव जीतने के लिए अधिकारियों और अन्य तरीकों का इस्तेमाल कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि पिछले छह साल में सरकार ने गांव और शहरों के विकास के लिए कोई खास काम नहीं किया है और राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब है। उन्होंने बताया कि चक्रधरपुर में भाजपा समर्थित एक उम्मीदवार ने अपनी सुरक्षा को लेकर उनसे मदद मांगी है। इस मामले में उन्होंने पश्चिम सिंहभूम के एसपी से बात कर सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। आदित्य साहू ने यह भी कहा कि सत्ताधारी दल काम के आधार पर वोट नहीं मिलने के डर से मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने बूथ कब्जा और दबाव जैसी आशंकाएं भी जताईं। उन्होंने विश्वास जताया कि जनता भाजपा के काम को जानती है और 48 शहरी निकायों में पार्टी की जीत तय है। साथ ही, पलामू में भाजपा नेताओं ने डीसी और एसपी से निष्पक्ष और भयमुक्त चुनाव कराने की मांग भी की है।





